अयोध्या। श्रीरामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के पुनर्गठन के बाद नई तस्वीर में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) व उससे जुड़े संगठनों की उपस्थिति की मौजूदगी स्पष्ट नजर आ रही है।
बुधवार को मणिरामदास छावनी में हुई ट्रस्ट की अहम बैठक में तीन नए न्यासियों के चयन से ट्रस्ट के स्वरूप में महत्वपूर्ण बदलाव आया है। नए चेहरों में दो का जुड़ाव सीधे तौर पर संघ व संबद्ध संगठनों से रहा है, जबकि तीसरे न्यासी को भी संघ व विहिप का करीबी माना जाता है।
तीनों नए चेहरों की पृष्ठभूमि और उनकी पूर्व संगठनात्मक भूमिकाओं के कारण ट्रस्ट के पुनर्गठन में संघ की छाप साफ परिलक्षित हो रही है। नए ट्रस्टी महेश भागचंदका व मदन मोहन पांडेय ट्रस्ट के पूर्व महासचिव चंपतराय के करीबी माने जाते हैं। इन दोनों के चयन में उनकी भूमिका महत्वपूर्ण मानी जा रही है।