जन्माष्टमी पर लड्डू गोपाल के अभिषेक के बाद पंचामृत का क्या करें, यह एक महत्वपूर्ण प्रश्न है। इसे प्रसाद के रूप में वितरित किया जाता है और तुलसी के साथ ग्रहण करने का विशेष महत्व है।
नई दिल्ली।
हर साल भाद्रपद माह के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि पर जन्माष्टमी का पर्व बड़ी ही भव्यता के साथ मनाया जाता है। इस साल यह त्योहार 4 सितंबर 2026, शुक्रवार के दिन है। इस दिन अधिकतर घरों में लड्डू गोपाल की विधिपूर्वक पूजा-अर्चना करने के साथ उन्हें तरह-तरह के भोग अर्पित किए जाते हैं।
माना जाता है कि बाल कृष्ण की पूजा और सेवा करने से घर में शांति बनी रहती है। जन्माष्टमी के मौके पर पंचामृत का विशेष महत्व है। भगवान श्रीकृष्ण के बाल स्वरूप लड्डू गोपाल का पंचामृत से स्नान कराने के बाद पंचामृत का क्या करना चाहिए?